Now test tube cow will give 15 times more milk | अब टेस्ट ट्यूब बछिया देगी 15 गुना ज्यादा दूध, अगले 14 महीने में मिलने लगेंगे नतीजे

39

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Now test tube cow will give 15 times more milk | अब टेस्ट ट्यूब बछिया देगी 15 गुना ज्यादा दूध, अगले 14 महीने में मिलने लगेंगे नतीजे

Now test tube cow will give 15 times more milk | अब टेस्ट ट्यूब बछिया देगी 15 गुना ज्यादा दूध, अगले 14 महीने में मिलने लगेंगे नतीजे
2018-12-05 18:12:01

  • टेस्ट ट्यूब तकनीक से दुधारू नस्ल की गाय से एक साल में 30 भ्रूण तैयार किए जा सकेंगे 
  • इस तकनीक का सफल प्रयोग पिछले दिनों पुणे में किया जा चुका है, अब पूरे देश मेंं होगा

Dainik Bhaskar

Dec 02, 2018, 09:47 AM IST

शरद पाण्डेय (नई दिल्ली). अब देश में बछियों का जन्म भी आईवीएफ यानी टेस्ट ट्यूब तकनीक से कराया जा सकेगा। इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि दुधारू नस्ल की गाय से एक साल में 30 बछिया पैदा की जा सकेंगी। अच्छी नस्ल की गाय के ओवम के जरिए 30 भ्रूूण तैयार किए जा सकते हैं। दावा है कि इस तकनीक से जनवरी 2020 तक बछिया पैदा होनी शुरू हो जाएगी।

 

इन भ्रूणों को शरीर से बाहर परखनली में रखा जाता है। सात दिन तक कृत्रिम तापमान देकर भ्रूण को विकसित किया जाता है। इसके बाद इन भ्रूणों काे ऐसी गायों में प्रत्याराेपित किया जाता है, जो कम दूध देती हैं। मसलन कोई गाय 1 लीटर दूध देती है, उसमें दुधारू नस्ल के भ्रूण को प्रत्यारोपित कर दिया जाता है, जिससे पैदा हाेने वाली बछिया 15 लीटर तक दूध दे सकेगी। यानी करीब 15 गुना ज्यादा।

 

4 महीने में देशभर में स्थापित होंगी लैब

इस तकनीक का सफल प्रयोग पिछले दिनों पुणे में किया जा चुका है। अब पूरे देश में दूध का उत्पादन बढ़ाने के लिए तकनीक का प्रयोग किया जाएगा। इसके लिए पूरे देश में मार्च 2019 तक लैब स्थापित की जा रही हैं। यहां गाय-भैंसों में भ्रूूण प्रत्यारोपण कर जनवरी 2020 तक बछिया पैदा होनी शुरू हो जाएंगी। इस तकनीक का इस्तेमाल ब्राजील, अमेरिका, फ्रांस आदि देशों में किया गया है।

 

लैब में यह भी होगा

लैबों में गाय-भैसों में प्रजनन बढ़ाने के लिए भ्रूण प्रत्यारोपण प्रौद्योगिकी का इस्तेमाल किया जाएगा। इसमें स्वस्थ गाय के गर्भ में उन्नत तकनीक के माध्यम से एक से अधिक भ्रूण पैदा किए जाते हैं। वहीं लैब की मदद से 3 हजार देशी नस्ल के सांड तैयार किए जाएंगे। मौजूदा समय देश में केवल 600 सांड हैं, लेकिन जरूरत 5885 की है। 2021-2022 तक 3 हजार सांड तैयार होंगे। देश में गाय, भैंस, बैल और भैसें की संख्या करीब 30 करोड़ हैं, इसमें करीब साढ़े 21 करोड़ गाय और भैसें हैं।

Images are for reference only.Images gathered automatic from google.All rights on the images are with their original owners.



Now test tube cow will give 15 times more milk | अब टेस्ट ट्यूब बछिया देगी 15 गुना ज्यादा दूध, अगले 14 महीने में मिलने लगेंगे नतीजे
2018-12-05 18:12:01

Images are for reference only.Images gathered automatic from google.All rights on the images are with their original owners.

Get real time updates directly on you device, subscribe now.

Comments
Loading...

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More

Privacy & Cookies Policy