FY19 में 3.3 फीसदी के राजकोषीय घाटे लक्ष्य को हासिल करेगी सरकार: अरुण जेटली

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FY19 में 3.3 फीसदी के राजकोषीय घाटे लक्ष्य को हासिल करेगी सरकार: अरुण जेटली

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GST काउंसिल ने कुल 23 तरह की वस्तुओं पर GST की दरों में कमी की है. इससे राजस्व पर सालाना 5,500 करोड़ रुपये का प्रभाव पड़ने का अनुमान है. (IE) वित्त मंत्री अरूण जेटली ने शनिवार को विश्वास जताया कि कुछ वस्तुओं पर GST दरों में ताजा कटौती के बावजूद सरकार वर्तमान वित्त वर्ष में राजकोषीय घाटे को GDP के 3.3 फीसदी तक सीमित रखने का लक्ष्य हासिल कर लेगी.
वित्त मंत्री जीएसटी परिषद की 31वीं बैठक के बाद मीडिया से बातचीत कर रहे थे. काउंसिल ने कुल 23 तरह की वस्तुओं पर GST की दरों में कमी की है. इससे राजस्व पर सालाना 5,500 करोड़ रुपये का प्रभाव पड़ने का अनुमान है.
जेटली ने कहा, ‘‘इस समय जब हम राजस्व के लक्ष्य की ओर देखते हैं तो इनडायरेक्ट टैक्स (की वसूली) समयसारणी के हिसाब से अभी कुछ पीछे है, जबकि डायरेक्ट टैक्स ऊपर है. हम गैर-कर राजस्व प्राप्ति के लक्ष्य की ओर भी ठीक-ठाक बढ़ रहे हैं. इस समय सरकार को पूरी उम्मीद है कि हम राजकोषीय घाटे को कम करने के अपने लक्ष्य को हासिल कर लेंगे.’’ सरकार ने वित्त वर्ष 2018-19 के लिए राजकोषीय घाटे को सकल घरेलू उत्पाद के 3.3 फीसद तक सीमित रखने का लक्ष्य रखा है. साल 2017-18 में राजकोषीय घाटा जीडीपी का 3.5 प्रतिशत पर था.
सरकार के ताजा आंकड़ों के मुताबिक वर्तमान वित्त वर्ष के पहले सात महीने (अप्रैल-अक्टूबर) की अवधि में राजकोषीय घाटा बजट अनुमानों के 103.9 प्रतिशत के बराबर था.
राजस्व सचिव अजय भूषण पांडे ने GST दरों में ताजा कटौती से राजस्व वसूली पर किसी बड़े असर की आशंका को दूर करते हुए कहा कि अनुमानित 5,500 करोड़ रुपये की राजस्व हानि का अनुमान पूरे वित्त वर्ष के संदर्भ में है. चालू वित्त वर्ष के शेष तीन महीनों में यह नुकसान एक-चौथाई ही रहेगा.
उल्लेखनीय है कि टीवी स्क्रीन, सिनेमा टिकट और अन्य 23 वस्तुओं पर GST की दरों में कमी का शनिवार का फैसला आगामी पहली जनवरी से लागू होने जा रहा है. उन्होंने कहा कि राजस्व में कमी विभिन्न तरीकों से अनुपालन बढ़ाकर पूरी कर ली जाएगी.

2018-12-26 22:56:51

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